उत्तर:
धार्मिक मंडलों के लोग परमेश्वर की अवहेलना कैसे करते हैं, इसका सार केवल देहधारी मसीह के आगमन के बाद ही प्रकट और विश्लेषित किया जा सकता है। कोई भी भ्रष्ट मनुष्य धार्मिक मंडलों द्वारा परमेश्वर की अवहेलना की सच्चाई और उसके सार को नहीं जान सकता है, क्योंकि भ्रष्ट मनुष्यों में कोई सत्य नहीं होता है। वे तो केवल झूठे चरवाहों और मसीह-विरोधी राक्षसों द्वारा नियंत्रित, भ्रमित किये जा सकते हैं, चालाकी से काम में लाये जा सकते हैं, ताकि बुराई करने में शामिल किये जायें और परमेश्वर की अवहेलना करने में शैतान के दास और साथी बनें।