16/12/18

"धन्‍य हैं वे, जो मन के दीन हैं" (2) - क्या बचाए हुए स्वर्ग के राज्य में प्रवेश कर सकते हैं?

"धन्‍य हैं वे, जो मन के दीन हैं" (2) - क्या बचाए हुए स्वर्ग के राज्य में प्रवेश कर सकते हैं?


अनुग्रह के युग में, प्रभु यीशु ने छुटकारे के काम को किया जिसने हमें हमारे सभी पापों से मुक्त कर दिया। जब तक हम प्रभु यीशु को हमारे उद्धारकर्ता के रूप में स्वीकार करते हैं और आराधना करते हैं और हमारे पापों को प्रभु के समक्ष स्वीकार करते हैं, तो हमें पाप मुक्‍त कर दिया जाएगा और हम अपने विश्वास के माध्यम से बचाए जाएंगे। तो यहां "बचाया जाने" वास्तविक अर्थ क्या है? क्या हम प्रभु में विश्वास करके, उसके अनुग्रह के तहत आकर स्वर्ग के राज्य में स्वर्गारोहण और प्रवेश प्राप्त कर सकते हैं और बचाए जा सकते हैं?


चमकती पूर्वी बिजली, सर्वशक्तिमान परमेश्वर की कलीसिया का सृजन सर्वशक्तिमान परमेश्वर के प्रकट होने और उनका काम, परमेश्वर यीशु के दूसरे आगमन, अंतिम दिनों के मसीह की वजह से किया गया था। यह उन सभी लोगों से बना है जो अंतिम दिनों में सर्वशक्तिमान परमेश्वर के कार्य को स्वीकार करते हैं और उसके वचनों के द्वारा जीते और बचाए जाते हैं। यह पूरी तरह से सर्वशक्तिमान परमेश्वर द्वारा व्यक्तिगत रूप से स्थापित किया गया था और चरवाहे के रूप में उन्हीं के द्वारा नेतृत्व किया जाता है। इसे निश्चित रूप से किसी मानव द्वारा नहीं बनाया गया था। मसीह ही सत्य, मार्ग और जीवन है। परमेश्वर की भेड़ परमेश्वर की आवाज़ सुनती है। जब तक आप सर्वशक्तिमान परमेश्वर के वचनों को पढ़ते हैं, आप देखेंगे कि परमेश्वर प्रकट हो गए हैं।

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